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लंड की प्यासी -चुदसी नारी


दोस्तों ये कहानी आप सेक्सवासना डॉट कॉम पर पड़ रहे है।

हैल्लो दोस्तों, आज में बहुत लंबे समय के बाद अपना दूसरा सेक्स अनुभव लेकर दोबारा आया हूँ, जिसमें मैंने उसके बहुत जमकर मज़े लिए और उसको अपनी चुदाई से खुश कर दिया। उसकी शादी होने के बाद भी वो अपने पति की चुदाई से वैसे

खुश नहीं थी जैसी मेरी चुदाई से संतुष्ट हुई और उसको वो सब कुछ उस एक रात में ही मिल गया, जिसको वो बहुत दिनों से अपने पति से पाना चाहती थी, लेकिन पा ना सकी और अब आप सभी सेक्सवासना डॉट कॉम के चाहने वालों का ज्यादा समय

खराब ना करते हुए में सीधे अपनी कहानी पर आता हूँ। दोस्तों में पंजाब के लुधियाना का रहने वाला हूँ, में दिखने में पतला हूँ और थोड़ा गोरा भी हूँ और मेरी लम्बाई 6 फिट और मेरे लंड की लम्बाई 6 इंच है, जो किसी भी तरसती हुई औरत

की सेक्स की प्यास बुझाने के लिए बहुत है। दोस्तों यह अनुभव करीब एक महीने पहले का है, जब में अपने गाँव में गया था और में वहां पर अपने मामा जी की बेटी की शादी में शामिल होने गया था, जो कि वहीं गाँव में रहती थी। में शाम को

करीब 8 बजे के आसपास शादी में पहुंच गया और वहां पर में अपने मामा, मामी से मिला और उनसे मैंने बातचीत की। उसके बाद में शादी के समारोह में अंदर पहुंच गया और थोड़ी देर के बाद अब में एकदम अकेला था, इसलिए में बोर हो रहा था तो

में अकेला बैठा सभी लोगों को देख रहा था। तभी थोड़ी देर के बाद में जहाँ पर बैठा हुआ था, वहां पर मेरे सामने आकर एक लड़की बैठ गई, जो कि उम्र में करीब 28 साल की लग रही थी और उसने गुलाबी कलर की साड़ी पहनी हुई थी, जिसमें वो बहुत

ही सेक्सी लग रही थी और अब में थोड़ी देर तक उसको लगातार घूरता ही रहा, में उसकी सुन्दरता को देखकर बहुत चकित था और मेरी नजर उसके चेहरे से हटने को बिल्कुल भी तैयार नहीं थी। कुछ देर बाद उसने भी मुझे अपने आपको देखते हुए

गौर किया और फिर वो मेरी तरफ देखकर थोड़ा सा मुस्कुराई। फिर मैंने भी हल्की सी स्माईल दी और अब मुझे टाईम बिताने के लिए वो सुंदर हॉट सेक्सी औरत मिल ही गयी थी। फिर थोड़ी देर के बाद में खाना खाने के लिए चला गया और जब में

जहाँ पर खाना खा रहा था तो वो खुद भी वहीं मेरे सामने अपनी डिश को लेकर खाना खाने चली आई और फिर मुझे देखने लगी। फिर मुझे भी थोड़ा सा अजीब महसूस हुआ, लेकिन फिर मैंने उस समय अपने खाने पर ज्यादा ध्यान दिया और खाना खा लेने

के बाद में अपनी जगह पर दोबारा जाकर बैठ गया। फिर थोड़ी देर के बाद मैंने उसको देखा तो वो भी ठीक मेरे सामने वाली कुर्सी पर ही बैठी हुई थी और वो मुझे लगातार घूर रही थी। उसके बाद में भी उसमें थोड़ी रूचि लेने लगा था और अब

हम दोनों एक दूसरे को आमने सामने से देखने लगे और करीब दस मिनट तक हम ऐसे ही टाईम पास करते रहे और दस मिनट के बाद एक लड़का उसके पास आया और वो करीब पांच मिनट तक उसके साथ उससे बातें करने लगी और फिर वो अपनी बात को खत्म करके

वहां से चला गया। तब मैंने देखा कि वो शादीशुदा थी और वो लड़का उसका पति था। उसके जाने के बाद हम दोनों फिर से एक दूसरे को देखने लगे, लेकिन अब मुझसे रहा नहीं जा रहा था, इसलिए मैंने उससे बात करने की मन में ठान ली थी। फिर

कुछ देर के बाद मैंने उसे वहीं पर एक साईड में मिलने का इशारा किया तो वो मेरी तरफ मुस्कुराई और में उठकर जहाँ पर कोई भी नहीं था वहां पर चला गया और अब उसके आने का इंतजार करने लगा। फिर करीब पांच मिनट के बाद वो मेरे पास आई,

तब में तो उसको देखता ही रह गया, वाह क्या सेक्सी लग रही थी वो? उसे देखते ही मुझे उसके साथ सेक्स करने का मन हो गया था। दोस्तों उसका क्या मस्त फिगर था? मेरा तो लंड उसे ऐसे ही देखते ही खड़ा हो गया था और वो अपनी पतली कमर को

मटकाती हुई मेरे पास आई और धीरे से मुस्कुराती हुई वो मुझसे पूछने लगी हाँ बताओ आपको मुझसे क्या काम था और आपने मुझे यहाँ पर क्यों बुलाया? तो मैंने बोला कि आप इतनी सुंदर हो तो इसलिए मेरा आपसे कुछ बातें करने का मन हुआ

था और में आपकी मधुर सुरीली आवाज को भी सुनना चाहता था, इसलिए मैंने आपको यहाँ पर बुला लिया। फिर वो मेरी यह बात सुनकर हंसने लगी और बोली कि आप मेरे साथ ऐसा मज़ाक मत करो, वैसे आप मजाक बहुत अच्छा कर लेते हो। फिर मैंने उनसे

कहा कि नहीं में एकदम सच बोल रहा हूँ, आप सही में बहुत सुंदर हो, शायद आपको इस बात का अंदाजा नहीं है या फिर किसी ने आपको यह सभी सच्ची बातें बताई नहीं है। अब वो मुझसे बोली कि आप कह रहे है तो ठीक है और उन्होंने मुझसे

धन्यवाद बोला और अब हम दोनों हंसने लगे। उसके बाद उसने भी मुझसे बोला कि आप भी तो बहुत अच्छे लग रहे हो। फिर मैंने उनको बोला कि आप मुझसे ऐसा बोलने वाली पहली इंसान हो और मैंने उनसे धन्यवाद बोला। उसके बाद हमारे बीच

थोड़ी देर इधर उधर की बातें और हंसी मजाक हुआ। दोस्तों ये कहानी आप सेक्सवासना डॉट कॉम पर पड़ रहे है। दोस्तों अब में आप सभी लोगों को उसके बारे में पूरे विस्तार से बता देता हूँ। उसका नाम रजनी था और उसकी उम्र 29 साल की

थी, लेकिन वो अपने चेहरे और सेक्सी पतले गोरे बदन की वजह से 25 साल की लग रही थी और उसकी शादी हो चुकी थी और उसका फिगर एकदम लचीला और वो थोड़ी सी पतले बदन की थी। उसके फिगर का आकार 32-30-34 था, जिसने मुझे उसका बिल्कुल दीवाना बना

दिया था और उसने मुझे बातों ही बातों में बताया कि उसका पति का अपना खुद का एक बहुत बड़ा व्यापार था। फिर मैंने भी बातों ही बातों में उससे पूछ लिया कि अभी थोड़ी देर पहले वो जिससे बातें कर रही थी क्या वो उसका पति था? तो

उसने तुरंत हाँ बोल दिया। उसके बाद वो मेरे बारे में पूछने लगी और थोड़ी देर हमारी ऐसे ही बातें चलती रही और में उसका साथ पाकर बहुत खुश था और शायद वो भी यही बात मन ही मन सोच रही थी और करीब रात के 11 बजे के आसपास वो मुझसे

बोली कि अब मुझे अपने घर पर जाना है तो मैंने कहा कि हाँ ठीक है, मुझे भी अब अपने घर के लिए निकलना ही है या तो में अभी चला जाऊंगा। फिर वो मुझसे पूछने लगी कि आप कहाँ पर रहते हो? तो मैंने उसको अपने घर का पता बता दिया और फिर

उसने मुझसे पूछा कि अब आप यहाँ से कैसे जाने वाले हो, क्या आपके पास कोई साधन है? तो मैंने कहा कि नहीं में तो ऑटो या बस से चला जाऊंगा। तभी वो मुझसे बोली कि अगर आपको कोई आपत्ति ना हो तो में भी उसी तरफ जा रही हूँ तो में आपको

भी आपके घर तक छोड़ दूँगी, आप भी मेरे साथ चल सकते है। फिर मैंने सही मौका देखते ही तुरंत उससे ठीक है बोल दिया। अब हम दोनों एक साथ वहां से निकले और में बाहर दरवाजे के पास जाकर उसका इंतजार करने लगा। तभी थोड़ी देर के बाद

मेरे पास एक भूरे रंग की कार आकर खड़ी हुई तो मैंने झुककर देखा तो उसमें रजनी ही बैठी हुई थी और अब उसने मुझसे बोला कि चलो आ जाओ अंदर। अब में जाकर कार में बैठ गया और फिर हम दोनों बातें करने लगे और तब मैंने उससे पूछा कि

उसके पति क्यों दूसरी कार से चले गये थे? तो वो मुझसे बोली कि उनको दिल्ली किसी जरूरी काम से जाना था, इसलिए वो उनकी कार लेकर चले गये और कुछ देर बाद मैंने उससे उसके परिवार के सदस्यों के बारे में पूछा तो मुझे पता चला कि

वो दोनों घर पर अकेले ही रहते है और थोड़ी देर इधर उधर की बातें करते करते हम अब अपनी वैसी भी बातें करने लगे थे और कुछ देर के बाद उसने मुझसे बोला कि आप आज मेरे साथ आ सकते हो तो मैंने बोला किस लिए? तो वो बोली कि में आज घर पर

एकदम अकेली हूँ और अगर मेरे साथ आप आ जाओगे तो मेरा टाईम भी निकल जाएगा, मुझे अकेले में डर भी नहीं लगेगा और आपसे से और भी ज्यादा पहचान हो जाएगी। दोस्तों मैंने उसके मुहं से यह बात सुनकर उससे बिना कुछ सोचे समझे तुरंत

हाँ बोल दिया और में मन ही मन बहुत खुश था, क्योंकि मुझे उसके साथ एक पूरी रात बिताने का इतना सुंदर मौका जो मिल रहा था और अब उसने मुझसे मेरे हाँ कहने पर धन्यवाद बोला। फिर थोड़ी देर के बाद उसने एक बंगले के सामने अपनी कार

को रोक दिया और फिर वो मुझसे बोली कि चलिए हमारी मंजिल अब आ चुकी है और मैंने देखा तो उसका घर बहुत बड़ा था, लेकिन मेरा पूरा ध्यान तो उसकी पतली कमर पर ही था और मुझे अब उसको चोदने का मन कर रहा था और फिर हम दोनों उसके घर के

अंदर चले गये और फ्रेश होकर बातें करने लगे। तभी थोड़ी देर बाद मुझसे रहा नहीं गया तो में उसके पास बैठ गया, मुझे उसके बदन की वो भीनी भीनी खुशबू मदहोश कर रही थी और वो भी मेरे साथ बहुत खुश थी और हंस हंसकर बातें कर रही थी।

मुझे अब उसकी आखों में वो सब दिखाई देने लगा था, जो वो अब मुझसे पाना चाहती थी। उसने मुस्कुराने शरमाने से में समझ गया था कि उसके मन में अब क्या चल रहा है? दोस्तों अब मुझे रहा नहीं गया तो मैंने थोड़ी सी हिम्मत करके उसके

गोरे गोरे कंधे पर किस कर दिया तो वो थोड़ी देर ऐसे ही बैठी रही और उसने मुझसे कुछ भी नहीं कहा, लेकिन वो मुझे लगातार देख जरुर रही थी, जिसकी वजह से में बहुत घबरा गया था और अब वो मुस्कुराकर मुझसे बोली कि सब कुछ क्या यहीं

सोफे पर ही करोगे? दोस्तों उसके मुहं से यह शब्द सुनते ही में तुरंत जोश में आ गया और में उसको अपनी गोद में उठाकर उसके बेडरूम में ले गया और फिर मैंने उसको बेड पर लेटा दिया और में उसके ऊपर लेट गया और उसके नरम गुलाबी

होंठो को किस करने लगा और उनको चूसने लगा। थोड़ी देर बाद वो भी अब मेरा साथ देने लगी थी और हम दोनों कुछ देर तक बिल्कुल पागल होकर एक दूसरे को लिप किस करते रहे। फिर कुछ देर के बाद उसने मुझसे पूछा कि तुम सेक्स के बहुत भूखे

हो क्या? तो मैंने उनसे पूछा कि आपको यह सब कैसे पता चला? तो वो मुझसे बोली कि मेरी एक दोस्त भी शादी में मेरे साथ थी, उसने मुझे बताया था। फिर मैंने उससे बोला कि आपने आखिर मुझे अपने जाल में फंसा ही लिया? तभी वो मुझसे कहने

लगी कि में क्या करूं मुझे अब तक मेरे पति ने कभी संतुष्ट ही नहीं किया, इसलिए मुझे तुम्हारे साथ यह सब नाटक करना पड़ा। फिर मैंने मुस्कुराते हुए कहा कि ठीक है आज में आपको पूरी तरह से संतुष्ट कर दूंगा और आपको मुझसे कोई

भी शिकायत बाकी नहीं रहेगी। तभी वो मुझसे बोली कि मुझे तुमसे संतुष्ट नहीं होना, लेकिन आज तुम मेरी चूत को जरुर फाड़ दो, में तुम्हारा वो जोश वो दम देखना चाहती हूँ, जिसके बारे में मैंने सुना है। दोस्तों उनके मुहं से यह

बात सुनते ही मैंने तुरंत उसके सारे कपड़े उतार दिए और फिर में भी पूरा नंगा हो गया। उसके बाद मैंने उसके पूरे गोरे, गरम नंगे बदन को किस करना चालू किया और धीरे धीरे मैंने उसके बूब्स को अपने मुहं में ले लिया और चूसने

लगा, दबाने लगा, वाह दोस्तों क्या बूब्स थे उसके एकदम मुलायम गोल गोल बहुत सुंदर थे और मुझे बहुत मज़ा आ रहा था। में कुछ देर तक उसके बूब्स को मसलता चूसता ही रहा और फिर थोड़ी देर के बाद वो अब एकदम गरम हो चुकी थी और उसके

दोनों निप्पल अब बिल्कुल टाईट हो चुके थे और उसके मुहं से सिसकियाँ निकल रही थी। अब में उठकर उसकी चूत के पास चला गया तो मैंने देखा कि उसकी चूत अब पूरी गीली हो चुकी थी और मैंने उसकी चूत पर अपना एक हाथ हल्के से घुमाया।

मेरे ऐसा करने की वजह से वो एकदम से उछली उईईईई माँ आह्ह्हह्ह बोली कि तुम यह क्या कर रहे हो? तो मैंने उससे कहा कि अभी तो यह शुरुआत है, इसके आगे देखो होता क्या है। तभी वो मुझसे बोली कि यह सब बंद करो मुझसे अब रहा नहीं जा

रहा है प्लीज अब जल्दी से मेरी प्यास को बुझा दो और वो अब उफ्फ्फ्फ़ आईईईईइ माँ मर गई और सिसकियाँ लेने लगी, प्लीज अब डाल दो उफ्फ्फफ्फ्फ़ और मेरी प्यास को बुझा दो प्लीज आसस्शह्ह्ह्ह में ज्यादा नहीं सह सकती। दोस्तों

मैंने उसकी एक भी बात नहीं सुनी और अब में उसकी चूत पर अपनी जीभ को फेरने लगा और उसकी चूत के दाने को अपनी जीभ से टटोलने लगा, जिसकी वजह से वो एकदम से उठकर बोली प्लीज तुम अब ऐसा मत करो आह्ह्ह्ह तुम यह सब क्या कर रहे हो

आईईईइ। अब मैंने उसकी बातों का अनसुना करके उसके दोनों पैरों को पूरा फेला दिया, जिसकी वजह से उनकी चूत अब पूरी तरह से खुल गई, चूत का वो गुलाबी कलर का दाना मुझे अब साफ साफ नजर आने लगा और अब में एक बार फिर से उसकी गीली, गरम

चूत को चाटने लगा, उससे अब रहा नहीं जा रहा था और अब वो ज्यादा तेज तेज सिसकियाँ लेने लगी थी, आह्ह्ह्ह उफ्फ्फ्फ़ प्लीज अब ऐसा मत करो, मुझसे अब रहा नहीं जा रहा है प्लीज में मरी प्लीज ऊईईईईइ माँ में मरी। अब उसने जोश में

आकर चीखते चिल्लाते हुए मेरे मुहं को थोड़ी देर तक उसके दोनों हाथों से पकड़कर पैरों के बीच में बहुत मजबूती से जकड़ लिया और करीब पांच मिनट तक ऐसे ही जकड़कर रखा। थोड़ी देर बाद वो अचानक से शांत हुई और अपने पैर खोले तो में

उठा और उसके होंठो पर किस करने लगा। हम दोनों ऐसे ही करीब दस मिनट तक एक दूसरे को किस करते रहे और थोड़ी देर बाद वो मुझसे बोली कि अब तो प्लीज तुम मुझे संतुष्ट कर दो, आष्हह्ह्ह्ह ऊअहह प्लीज। अब मैंने उसको उठाकर उसे बेड

के पास नीचे बैठा दिया और उसके मुहं में मैंने अपना लंड डाल दिया और वो धीरे धीरे मेरे लंड को अपने मुहं में पूरा अंदर लेकर चूसने लगी, लेकिन कुछ ही देर में उसकी आखों से आंसू बाहर आने लगे थे। फिर भी उसने लंड को नहीं छोड़ा

और वो लगातार चूसती रही। करीब दस मिनट तक लगातार चूसने के बाद अब मैंने उसके सर के बालों को पकड़कर अपने लंड को उनके मुहं में धकेलकर धीरे धीरे धक्के लगाकर उसके मुहं की बहुत जबरदस्त चुदाई की और तब तक वो तीन बार झड़ चुकी

थी। फिर उसके बाद मैंने उसको बेड पर लेटा दिया और उसके दोनों पैरों को पूरा खोल दिया और अपने लंड को उसकी चूत के पास रखकर मैंने एक ज़ोर से धक्का दे दिया, जिसकी वजह से मेरा आधा लंड उसकी चूत में चला गया और वो बहुत ज़ोर से

चिल्लाने लगी ओईईईईइ माँ उफफ्फ्फ्फ़ प्लीज इसको बाहर निकालो, आहष्ह मुझे बहुत दर्द हो रहा है प्लीज में मर जाउंगी। अब मैंने अपने लंड को उसी जगह पर रोककर उसके गुलाबी होंठो पर अपने होंठ रखकर में उसको किस करने लगा और

उसके बूब्स को सहलाने लगा और थोड़ी देर बाद जब वो शांत हुई तो मैंने एक और जोरदार धक्का लगा दिया और अब पूरा लंड उसकी चूत को चीरता फाड़ता हुआ जबरदस्ती अंदर चला गया और अब वो एक बार फिर से चिल्लाने लगी, प्लीज अब मुझसे रहा

नहीं जा रहा। अब बाहर निकाल लो प्लीज उफ्फ्फ्फ़ आह्ह्ह। अब में एकदम चुप हो गया और मैंने अपने धक्के बंद कर दिए। कुछ देर बाद जब वो शांत हुई तब मैंने धीरे धीरे अपने लंड को अंदर बाहर करना शुरू किया और मैंने महसूस किया कि

कुछ देर बाद उसे भी मेरे साथ साथ अब मज़ा आने लगा था और वो भी अब पूरी तरह से जोश में आकर नीचे से उछल रही थी। फिर मैंने अपने धक्को की स्पीड को बढ़ा दिया और में ज्यादा तेज धक्को से उसको चोदने लगा। अब उसे भी बहुत मज़ा आ रहा

था और वो मुझसे बोल रही थी हाँ ओफफ्फ्फ्फ़ हाँ और ऊईईईईईईई ज़ोर से और ज़ोर से वाह मज़ा आ गया, ऐसा तो मुझे मेरे पति ने भी नहीं चोदा और ना मुझे ऐसे संतुष्ट किया और ज़ोर से अह्ह्ह्ह हाँ आज फाड़ दो मेरी चूत को और ज़ोर से आह्ह

तुम फाड़ दो आज रजनी की चूत को और अंदर और ज़ोर से आईईईईइ उसकी ऐसे आवाज़ से में और भी जोश में आ गया और करीब बीस मिनट तक में उसको अपनी एक ही स्पीड से धक्के देकर चोदता ही रहा और तब तक वो दो बार झड़ चुकी थी और पूरे रूम में फच

फच जैसी आवाजें आ रही थी और वो भी चिल्ला रही थी, हाँ आज फाड़ दो तुम रजनी की इस चूत को, हाँ और अंदर उफ्फ्फ्फ़ वाह मज़ा आ गया और ज़ोर से आहहहष्ह। दोस्तों अब कुछ देर के बाद में झड़ने वाला था तो मैंने उससे बोला कि में अब झड़ने

वाला हूँ। फिर वो मुझसे बोली कि मेरी चूत में ही तुम अपना वीर्य डाल दो और अब में ज्यादा स्पीड से उसको धक्के देकर चोदने लगा और करीब पांच मिनट के बाद में झड़ गया और मैंने अपना पूरा वीर्य उसकी चूत की गहराई में ही डाल दिया,

आह्ह्ह्हह और वो सिसकियाँ लेने लगी आह्ह्हश और कुछ देर बाद हम दोनों ऐसे ही एक दूसरे के ऊपर लेटे रहे। अब वो मुझसे बोली कि मेरे पति को तो अब तक कुछ भी आता ही नहीं है, लेकिन आज तुमने मुझे बहुत मज़ा करवाया है और में तो अब

तुम्हारे लंड से चुदाई की दीवानी हो चुकी हूँ, मुझे मज़ा आ गया तुम बहुत जमकर चुदाई करते हो। फिर मैंने उसको धन्यवाद कहा और उसके थोड़ी देर बाद मैंने उसकी एक बार फिर से जमकर चुदाई की और बाद में हम दोनों एक साथ फ्रेश हुए

और वो मेरे लिए जूस लेकर आई और अब हम दोनों बातें करने लगे और उसने मुझसे बोला कि आज रात को तुम यहीं पर रुक जाओ और वैसे तब तक रात के करीब दो बज चुके थे, इसलिए मैंने भी रुकने के लिए उनको हाँ कहा। अब हम दोनों ने बहुत सारी

इधर उधर की बातें की और फिर हम दोनों उसके बेडरूम में गये और उसके बेड पर लेटे हुए टी.वी. देखने लगे। करीब 3.30 बजे के आसपास मुझे फिर से उसको चोदने का मन हुआ तो मैंने एक बार फिर से उसे उठाकर उसकी चुदाई के मज़े लिए। करीब उस

रात मैंने उसको चार बार चोदा और दूसरे दिन सुबह जब में उठा तो हम दोनों ने साथ में नाश्ता किया और जब में अपने घर पर जाने लगा तो उसने मुझे 5000 रूपये दिए और वो मुझसे बोली कि यह लो तुम्हारी कमाई। फिर मैंने उससे बोला कि आपने

मुझे नहीं बुलाया में खुद आपके पास आया हूँ, इसलिए मुझे इसकी ज़रूरत नहीं है। तभी वो हंसकर बोली कि में मानती हूँ कि तुम्हें मेरी चूत की जरूरत नहीं है, लेकिन मेरी चूत अब तुम्हारी पूरी तरह से दीवानी हो गई है और उसे

तुम्हारी एक बार फिर से ज़रूरत जरुर पड़ेगी। अब मैंने वो पैसे उससे लेकर अपने पास रख लिए और उसने मेरा फोन नंबर ले लिया और मैंने उससे बोला कि जब भी ज़रूरत हो तब तुम मुझे कॉल कर देना। फिर वो बोली कि ठीक है और फिर उसने

मुझे अपनी कार से मेरे रूम तक लाकर छोड़ दिया और फिर वो मुझसे बॉय कहकर चली गई ।।
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